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                           डॉ.उमेश कुमार सिंह, पी -एच डी                       बिमल हिंदी - सरल, शुद्ध, निर्मल और भावपूर्ण हिंदी की दिशा में एक सार्थक कदम है। हिंदी ऐसी भाषा है जो विश्व भर में बोली और समझी जाती है। भारत की राजभाषा के आसन को यह सुशोभित तो करती ही है, बोलने, लिखने और समझने में भी सरल है। इसकी लिपि देवनागरी विश्व की अन्य लिपियों से अधिक श्रेष्ठ है। फिर भी ऐसा देखा जाता है कि हिंदी सीखने की दिशा में अभी बहुत कुछ करने की आवश्यकता शेष है। हम अपनी पूरी टीम के साथ यही करने का प्रयास कर रहे हैं। मेरा परिचय और अनुभव ​शिक्षण कार्य मेरा पेशा ही नहीं, बल्कि मेरा जुनून रहा है। सरस्वती विद्या मंदिर (भूली नगर, धनबाद) में 26 वर्षों तक हिंदी शिक्षक के रूप में सेवा देने के बाद, अब मैं डिजिटल माध्यम से अपनी इस यात्रा को आगे बढ़ा रहा हूँ। मेरा उद्देश्य है कि आधुनिक तकनीक के इस दौर में हमारी मातृभाषा हिंदी और उसका समृद्ध व्याकरण कहीं पीछे न छूट जाए। संपर्क करें :...

दुर्गा पूजा २०२१ (Durga Puja 2021 )

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 दुर्गा पूजा भारत का प्रमुख त्योहार है। संपूर्ण भारत में इसे दशहरा पर्व भी कहा जाता है। यह त्योहार शारदीय नवरात्र के नाम से भी जाना जाता है। वास्तव में यह त्योहार पाप पर पुण्य की जीत का त्योहार है। दुर्गा पूजा नौ दिनों तक चलती है। नवमी को माता दुर्गा ने दानव महिषासुर का वध किया था। वह बड़ा मायावी था। उसके आतंक से भयभीत होकर देवताओं ने मां भगवती की आराधना की। तब मां ने देवी दुर्गा का अवतार लेकर महिषासुर के आतंक से संसार की रक्षा की थी। दुर्गा-- दु: केन गम्यते प्राप्यते वा। मां दुर्जय और दुर्गायतीनाशिनी है। मासिन  मास के शुक्ल पक्ष के पहले दिन से ही दुर्गा पूजा प्रारंभ हो जाती है। जगह- जगह भव्य पंडालों में कलश स्थापना हो जाता है।  इस दिन से ही भक्तजन बड़े ही सात्विक तरीकों से मां की पूजा में तल्लीन हो जाते हैं। पंडालों में सिंह वाहिनी महिषासुर मर्दिनी मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित की जाती है। दसों हाथों में त्रिशूल, चक्र, शक्ति, गदा, धनुष, पाश, अंकुश और अस्त्र-शस्त्र हैं। उनके आसपास ही लक्ष्मी, सरस्वती, गणेश, कार्तिके की मूर्तियां स्थापित की जाती हैं। सप्तमी से दसवीं तक लोग...

बसंत ऋतु ( spring season ) निबंध लिखने का बेजोड़ Trick 2026 exam special

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बसंत ऋतु, spring season essay बसंत ऋतु पर अनुच्छेद, बसंत ऋतु पर निबंध, बसंत ऋतु का चित्र, बसंत ऋतु की महिमा, बसंत ऋतु के रंग , बसंत ऋतु का महत्व 2026  में vvi,निबंध लिखने का बेजोड़ Trick  १.कालिदास का बसंत वर्णन,२.भूमिका,३.प्रकृति पर बसंत का प्रभाव ४ मनुष्य पर बसंत का प्रभाव              ५. उपसंहार Kalidas ka Basant varnan, introduction of Basant Ritu, Basant rituo ka raja, effect of neture of Basant, Basant ka man per prafaw. Basant aur prem, beauty of Basant, flowers of Basant, festival of Basant, fruit of Basant. कविकुल गुरु कालिदास ने ऋतु- राज बसंत का चित्रण कुछ इस प्रकार किया है --- "सिर पर मुकुट, जिसमें आम्र मंजरी खौंसी हुई, कान में नव कर्णिकाट, हाथ में चंपे का पुष्प, लाचारस रंजीत वस्त्र, जीवों की भांति लटकते बाल में गुथें अशोक और नवमल्लिका के पुष्प।] बसंत ऋतुओं का राजा है। भारत में इसका आगमन माघ शुक्ल पक्ष पंचमी (जनवरी) मास में होता है। यहाँ इसका आयु मात्र दो महीने की होती है। इसके आने से ही लोगों को जाड़े से छुटकारा मिल जाता है। सुनहर...