गोदान' में मुख्य चरित्रों की भूमिका स्पष्ट कीजिए.
'गोदान' में मुख्य चरित्रों की भूमिका स्पष्ट कीजिए. उत्तर— लियो टॉल्स्टॉय के 'वार एण्ड पीस' नामक विश्व-प्रसिद्ध उपन्यास के बाद 'गोदान' ही बृहत् उपन्यास माना गया है. 'वार एण्ड पीस' में सैकड़ों पात्रों ने अपनी भूमिका प्रस्तुत की है. 'गोदान' भी एक चरित्र-प्रधान उपन्यास है. इसे लिखने से पूर्व ही प्रेमचन्द ने यह घोषणा कर दी थी कि उनका भावी उपन्यास जीवन-चरित्र होगा, चाहे किसी बड़े आदमी का या छोटे आदमी का. 'गोदान' में यूँ तो शताधिक पात्र हैं, किन्तु इसका केन्द्रीय पात्र होरी ही है. इसके अतिरिक्त धनिया, गोबर, रायसाहब, दुलारी, झुनिया आदि उसी के चरित्र को विकसित करने वाले पात्र प्रतीत होते हैं. यहाँ हम 'गोदान' के केन्द्रीय पात्र और नायक होरी को छोड़कर अन्य प्रमुख पात्रों की भूमिका प्रस्तुत कर रहें. होरी के चरित्र का विश्लेषण अन्य प्रश्न के अन्तर्गत किया जा चुका है. होरी के बाद धनिया 'गोदान' की महत्वपूर्ण स्त्री पात्र है. वह होरी की पत्नी और गोबर की माँ है. वह व्यावहारिक, धर्मभीरु, भाग्यवादी, मर्यादा प्रेमिका और अत्यन्त संव...