लाल बहादुर शास्त्री:Lalbahadur Shastri
लाल बहादुर शास्त्री
लाल बहादुर शास्त्री जी की शिक्षा दीक्षा बनारस में हुई। वे बनारस के हरिश्चंद्र विद्यालय के छात्र थे। आर्थिक अभाव के कारण उन्हें अपने गाँव से विद्यालय जाने के लिए गंगा नदी तैरकर पार करना पढ़ता था। जब यह केवल 17 वर्ष के थे तब महात्मा गांधी के आह्वान पर स्वतंत्रता आंदोलन में कूद पड़े थे। स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान उन्हें कई वर्षों तक जेल की यातना भी सहनी पड़ी थी। ज्ञान अर्जन के लिए यह फिर काशी विद्यापीठ में चले आए। वहाँ उन्होंने दर्शन और संस्कृत साहित्य का गहन अध्ययन किया।
शास्त्री जी का सक्रिय राजनीतिक जीवन इलाहाबाद से शुरू हुआ। इलाहाबाद कांग्रेस कमेटी के महासचिव रहे। वे 1937 ई में उत्तर प्रदेश विधानसभा के सदस्य निर्वाचित हुए।
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लालबहादुर शास्त्री भारतीय राजनीति के सच्चे साधक थे। उनकी साधना ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा से प्रभावित होकर पंडित जवाहरलाल नेहरू ने उन्हें दिल्ली बुलाकर कांग्रेस संगठन की महती जिम्मेवारी सौंपी। शास्त्री जी नेहरू जी के विश्वास पर पूरी तरह खरे उतरे। 1952 में स्वतंत्र भारत के वे रेल मंत्री और परिवहन मंत्री बने । उन्होंने आम आदमी के लिए जनता गाड़ी चलवाई। उसी समय अरियालपुर नामक स्थान में भयंकर रेल दुर्घटना हुई। इस भीषण दुर्घटना की जिम्मेवारी लेते हुए उन्होंने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। 1957 ई में शास्त्री जी इलाहाबाद से लोकसभा के लिए निर्वाचित हुए । इन्हें संचार तथा परिवहन मंत्री का दायित्व मिला। 27 मई 1964 ईस्वी को पंडित नेहरू के देहावसान होने पर लाल बहादुर शास्त्री जी को देश का दूसरा प्रधानमंत्री बनाया गया। शास्त्री जी के कुशल नेतृत्व में देश विकास के पथ पर निरंतर अग्रसर होने लगा। तभी 1965 ईस्वी में पाकिस्तान ने भारत पर आक्रमण कर दिया। शास्त्री जी ने जय जवान जय किसान का नारा देकर भारतीय सैनिक के साथ-साथ समस्त देशवासियों का मनोबल बढ़ाया। इस युद्ध में भारत विजयी हुआ। शास्त्री जी अमन-चैन के समर्थक थे। वे चाहते थे कि भारत पाकिस्तान दोनों देशों में अमन चैन रहे। वे शांति वार्ता के लिए ताशकंद गए और वही 11 जनवरी 1966 को हमें सदा के लिए छोड़ कर स्वर्ग सिधार गए। शास्त्री जी हमारे बीच नहीं हैं लेकिन उनका संदेश सदा हमारा मार्गदर्शन करता रहेगा।।
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प्रश्न उत्तर
1. जब नन्हें पांच छः बर्ष का था तब उसके साथ क्या घटना घटी ?
2. '" नन्हें को लगा जैसे माली के रूप में उसको जीवन की दिशा बताने वाले कोई गुरु खड़ा है"" - इसका क्या आशय है।
3. बालक लालबहादुर ने माली से क्या शिक्षा ली ?
4. लाल बहादुर शास्त्री का जन्म कब और कहां हुआ ?
5. बालक लालबहादुर शास्त्री की शिक्षा कहां कहां हुई ?
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